“Improving Night Schools and Zilla Parishad Schools is our priority” – Javadekar

The Union Minister for Human Resource Development, Shri Prakash Javadekar interacting with the students of Goplakrishna Gokhale Night School, in Dadar, Mumbai on July 09, 2016
The Union Minister for Human Resource Development, Shri Prakash Javadekar interacting with the students of Goplakrishna Gokhale Night School, in Dadar, Mumbai July 09, 2016.

Union HRD Minister visits Night School in Dadar, Mumbai

Close on the heels of assuming charge as the Human Resources Development Minister, Shri Prakash Javadekar on Saturday evening paid a visit to the Gopal Krishna Gokhale Night School in Dadar, Mumbai and interacted with the students studying there.

“Education is essential for upliftment,  I sincerely salute the spirit of these poor students, who are pursuing education in night schools, after putting in 8-10 hours of hard work during the day”  Shri Javadekar said.  He said education should be inclusive and no one should be left behind. He described night schools to be among the important institutions helping make education inclusive and asserted that Government’s top priority will be to improve the conditions of night schools and zilla parishad schools.

“After meeting you, my will to work for you has strengthened. PM Narendra Modi says work for the dailts, underprivileged and backward classes. We will study the problems of night schools and will do whatever is possible for them” Shri Javadekar said.   He added that since he himself has studied in a Zilla Parishad School, he is in a good position to  understand their problems and challenges  The Union Minister assured the students and the teachers that he would ask Maharashtra Education Minister Vinod Tawde to do his best to improve the infrastructure in nights schools and municipal schools.

School authorities told the minister that they have been having 100  per cent result for the last four years.  Mumbai, the commercial capital, has a well developed infrastructure of night schools, where over 15,000 students, aged 15 and above are enrolled for Class 8 upwards.  The city also boasts of many success stories in the form of night school students who went on to succeed as entrepreneurs, particularly in the hotel business.

Earlier in the day, Shri Javadekar interacted with the students of Kendriya Vidyalaya in Kochi.


रात्रि विद्यालयों एवं जिला परिषदों विद्यालयों को बेहतर बनाना हमारी प्राथमिकता : प्रकाश जावड़ेकर

मानव संसाधन विकास मंत्री के रूप में पदभार ग्रहण करने के तुरंत बाद श्री प्रकाश जावड़ेकर ने शनिवार की शाम को मुंबई के दादर में गोपाल कृष्‍ण गोखले रात्रि विद्यालय का दौरा किया तथा वहां अध्‍ययन कर रहे विद्यार्थियों के साथ बातचीत की।

श्री जावड़ेकर ने कहा, ‘शिक्षा मनुष्‍य के उत्‍थान के लिए अनिवार्य है। मैं पूरे मन से इन निर्धन छात्रों की भावना का नमन करता हूं, जो दिन के दौरान आठ-दस घंटों की कड़ी मेहनत करने के बाद रात्रि विद्यालयों में पढ़ाई कर रहे हैं।’ उन्‍होंने कहा कि शिक्षा को समावेशी होना चाहिए और कोई भी पीछे छूटना नहीं चाहिए। उन्‍होंने रात्रि विद्यालयों की व्‍याख्‍या महत्‍वपूर्ण संस्‍थानों के बीच की जो शिक्षा को समावेशी बनाने में मदद करते हैं। उन्‍होंने जोर देकर कहा कि सरकार की सर्वोच्‍च प्राथमिकता होगी रात्रि विद्यालयों एवं जिला परिषद विद्यालयों की स्थिति को सुधारना।

श्री जावड़ेकर ने कहा, ‘आपसे मिलने के बाद आप लोगों के लिए काम करने की मेरी इच्‍छा और मजबूत हुई है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्‍द्र मोदी कहते हैं कि दलितों, वंचितों एवं पिछड़े वर्गों के लिए कार्य करें। हम रात्रि विद्यालयों की समस्‍याओं का अध्‍ययन करेंगे और जो कुछ भी संभव होगा, उनके लिए करेंगे।’ उन्‍होंने कहा कि चूंकि उन्‍होंने खुद एक जिला परिषद विद्यालय में पढ़ाई की है, वह उनकी समस्‍याओं और चुनौतियों को समझने की बेहतर स्थिति में हैं। केन्‍द्रीय मंत्री ने छात्रों एवं शिक्षकों को भरोसा दिलाया कि वह महाराष्‍ट्र के शिक्षा मंत्री विनोद तावड़े को रात्रि विद्यालयों एवं नगर पालिका विद्यालयों में बुनियादी ढांचे को बेहतर बनाने के लिए सर्वश्रेष्‍ठ प्रयास करने को कहेंगे।

विद्यालय के अधिकारियों ने मंत्री महोदय को बताया कि पिछले चार वर्षों से वे सौ प्रतिशत परिणाम दे रहे हैं। देश की व्‍यावसायिक राजधानी मुंबई में रात्रि विद्यालयों के पास एक विकसित बुनियादी ढांचा है, जहां 15 वर्ष और इससे अधिक आयु के 15 हजार से अधिक छात्र आठवीं कक्षा से आगे की पढ़ाई के लिए नामांकित हैं। मुंबई में रात्रि विद्यालय छात्रों के रूप में कई सफलता गाथाएं हैं, जिन्‍होंने उद्यमियों के रूप में, विशेष रूप से, होटल व्‍यवसाय में कामयाबी हासिल की है। इससे पूर्व, श्री जावड़ेकर ने कोच्चि में केन्‍द्रीय विद्यालय के छात्रों के साथ मुलाकात की।

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