बीएड : वापस एक साल की हो सकती है

shivira shiksha vibhag rajasthan shiksha.rajasthan.gov.in district news DPC, RajRMSA, RajShiksha Order, rajshiksha.gov.in, shiksha.rajasthan.gov.in, Shivira Panchang February 2017, अजमेर, अभिनव शिक्षा, अलवर, उदयपुर, करौली, कोटा, गंगानगर, चित्तौड़गढ़, चुरू, जयपुर, जालोर, जैसलमेर, जोधपुर, झालावाड़, झुंझुनू, टोंक, डीपीसी, डूंगरपुर, दौसा, धौलपुर, नागौर, पाली, प्रतापगढ़, प्राइमरी एज्‍युकेशन, प्राथमिक शिक्षा, बाड़मेर, बारां, बांसवाड़ा, बीकानेर, बीकानेर Karyalaye Nirdeshak Madhyamik Shiksha Rajisthan Bikaner, बूंदी, भरतपुर, भीलवाड़ा, माध्‍यमिक शिक्षा, मिडल एज्‍युकेशन, राजसमन्द, शिक्षकों की भूमिका, शिक्षा निदेशालय, शिक्षा में बदलाव, शिक्षा में सुधार, शिक्षा विभाग राजस्‍थान, सरकार की भूमिका, सवाई माधोपुर, सिरोही, सीकर, हनुमानगढ़

बीएड : वापस एक साल की हो सकती है

एनसीटीई द्वारा बीएड कोर्स को दो वर्ष का करने के चौतरफा विरोध होने तथा  इसके खिलाफ विभिन्न न्यायालयों में मुकदमें दर्ज होने के बाद एनसीटीई, बीएड कोर्स को वापस एक साल करने  विचार कर रही है।

नेशनल काउन्सिल फॉर टीचर एज्युकेशन (एनसीटीई) ने इसके लिए एक समिति का गठन किया है। समिति ने देशभर से ऑनलाइन सुझाव  मांगे हैं। इन सुझावों के आधार पर एनसीटीई 2014 के रेगुलेशन में बदलाव कर सकती है।

एनसीटीई ने 2014 में नया रेगुलेशन जारी कर बी.एड. क ोर्स  को एक वर्ष के स्थान पर दो वर्ष कर दिया था। इस रेगुलेशन में सीटों की एक इकाई पर 100 विद्यार्थी के स्थान पर 50 विद्यार्थी कर दिया था और स्टॉफ   भी दोगुना रखने का प्रावधान किया गया ।

जिसका चौतरफा विरोध शुरू हो गया तथा इस निर्णय के विरोध में न्यायालयों मे वाद भी दायर हो गए । इसके बाद एनसीटीई ने एक समिति का गठन किया है। समिति ने इन तीन बिन्दुओं पर देश भर से सुझाव मांगे हैं।

इन सुझावों के आधार पर समिति अपनी रिपोर्ट एनसीटीई को सौंपेगी और एनसीटीई उक्त रिपोर्ट मानव संसाधन विकास मंत्रालय भारत सरकार को सौंपेगी जिसके बाद सरकार इस पर फैसला लेगी। आमजन regulation@ncte-india.org  वेबसाईट पर  अपने सुझाव दे सकते है।

SHARE